रायपुर। छत्तीसगढ़ में धान खरीदी को लेकर किसानों की परेशानियों के बीच पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में किसानों को अब तक धान बेचने के लिए टोकन नहीं मिल पाए हैं और जिन किसानों को टोकन दिए गए हैं, उनके खलिहानों में जाकर दोबारा जांच की जा रही है।
भूपेश बघेल ने आरोप लगाया कि जितने टोकन जारी किए गए हैं, उतना धान भी किसानों से नहीं खरीदा जा रहा है। उन्होंने सरकार से सवाल करते हुए कहा कि “मोदी की गारंटी का क्या हुआ?”
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ को धान का कटोरा कहा जाता है। इसके बावजूद किसानों को समय पर डीएपी और यूरिया नहीं मिला, फिर भी किसानों ने मेहनत कर उत्पादन किया। अब जब धान बेचने की बारी आई है, तो सरकार की अव्यवस्थाओं के कारण किसान परेशान हैं।
भूपेश बघेल ने तीखे शब्दों में कहा कि अगर सरकार किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं कर पा रही है, तो सत्ता में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा कि कुर्सी कोई जनाज़ा नहीं है, अगर कुछ कर नहीं सकते तो सत्ता छोड़ देनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि जनता ने सरकार को सेवा के लिए चुना है। अगर किसानों का धान नहीं खरीदा जा पा रहा है, तो सरकार को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए पद पर बने रहने पर विचार करना चाहिए।

